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आसमान की सैर को तैयार हो रहा इसरो

पीरजादा अबरार /  January 11, 2019

भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (इसरो) बेंगलूरु में 'मानव अंतरिक्ष उड़ान केंद्र' स्थापित कर रहा है जो भारत के अंतरिक्ष में मानव भेजने वाले अभियान को सफल बनाने के लिए सहायता उपलब्ध कराएगा। इसरो अध्यक्ष के शिवन ने बताया, 'यह केंद्र मानव को अंतरिक्ष भेजने वाले सभी कार्यक्रमों से संबंधित काम में मदद करेगा।' इसरो प्रमुख ने कहा कि इस केंद्र के निदेशक वरिष्ठ वैज्ञानिक उन्नीकृष्णन नायर होंगे, जबकि डॉ. आर हटन को परियोजना निदेशक की जिम्मेदारी दी गई है। 

इसरो के मुताबिक इस साल सबसे बड़ी प्राथमिकता गगनयान है। पहले मानवरहित अभियान के लिए दिसंबर 2020 और दूसरे अभियान के लिए जुलाई 2021 का समय निर्धारित किया है। इसे पूरा करने के बाद मानवीय मिशन के लिए दिसंबर 2021 का समय तय किया गया है। क्रू के सदस्य भारतीय होंगे और गगनयान पर जाने वालों को शुरूआती प्रशिक्षण भारत में मिलेगा। इसरो अध्यक्ष ने बताया कि इंस्टीट्यूट ऑफ एयरोस्पेस मेडिसीन (आईएएम) में अंतरिक्ष यात्रियों को प्रारंभिक प्रशिक्षण दिया जाएगा और अत्याधुनिक प्रशिक्षण कार्यक्रम मुख्यत: रूस में होगा। गगनयान परियोजना के लिए 10,000 करोड़ रुपये का बजट रखा गया है। शिवन कहते हैं, 'इसरो की पूरी टीम इस अभियान को सफल बनाने में लगी हुई है।'

इसरो प्रमुख ने कहा, 'हम चाहते हैं कि महिला अंतरिक्षयात्रियों को भी वहां जाना चाहिए। यह हमारा लक्ष्य है। मेरे विचार में हमें पुरूषों और महिलाओं, दोनों को प्रशिक्षित करना है।' अंतरिक्ष यात्रा के लिए लोगों के चयन के बारे में एक सवाल पर इसरो प्रमुख ने कहा भारतीय इस प्रक्रिया को अंजाम देंगे और इस प्रक्रिया में भारतीय वायु सेना भी रहेगी। इसरो ने भारत के दूसरे चंद्र अभियान के लिए मध्य अप्रैल का समय निर्धारित किया गया है। इससे पहले इसरो ने कहा था कि चंद्रयान-2 का प्रक्षेपण इस साल जनवरी से 16 फरवरी के बीच किया जाएगा। 

शिवन ने बताया, 'जहां तक चंद्रयान-2 के प्रक्षेपण की बात है तो इसके लिए 25 मार्च से अप्रैल अंत का समय तय किया गया है।' उन्होंने बताया कि अंतरिक्ष एजेंसी ने पहले जनवरी और फरवरी में चंद्रयान-2 प्रक्षेपित करने की योजना बनाई थी लेकिन कुछ परीक्षण नहीं हो पाने के कारण ऐसा नहीं हो सका। उन्होंने कहा, 'अप्रैल के लक्ष्य से चूकने के बाद अगला लक्ष्य जून का होगा। लेकिन हम अप्रैल का लक्ष्य लेकर चल रहे हैं।' तकरीबन 800 करोड़ रुपये की लागत वाला यह अभियान चंद्रयान-। का उन्नत संस्करण है।   

(साथ में भाषा)

Keyword: ISRO, Gaganyan, K Sivan, IAM, Astronaut,
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