बिजनेस स्टैंडर्ड - 2022 में जी-20 सम्मेलन की मेजबानी करेगा भारत
 Search  BS Hindi  Web   BS E-Paper|      Follow us on 
Business Standard
Sunday, December 16, 2018 04:47 AM     English | हिंदी

होम

|

बाजार

|

कंपनियां

|

अर्थव्यवस्था

|

मुद्रा

|

विश्लेषण

|

निवेश

|

जिंस

|

क्षेत्रीय

|

विशेष

|

विविध

|

अर्थनामा

 
होम अर्थव्यवस्था खबर

2022 में जी-20 सम्मेलन की मेजबानी करेगा भारत

भाषा / ब्यूनस आयरस December 02, 2018

भारत 2022 में वार्षिक जी-20 शिखर सम्मेलन की मेजबानी करेगा। उस वर्ष भारत अपनी आजादी की 75वीं वर्षगांठ भी मनाएगा। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शनिवार को दो दिन के जी-20 शिखर सम्मेलन के समापन समारोह में यह घोषणा की।  वर्ष 2022 में जी 20 सम्मेलन की मेजबानी इटली को करनी थी। मोदी ने भारत को इसकी मेजबानी मिलने के बाद इसके लिए इटली का शुक्रिया अदा किया। साथ ही उन्होंने जी-20 समूह के नेताओं को 2022 में भारत आने का न्योता दिया। प्रधानमंत्री ने घोषणा के बाद ट्वीट किया, 'वर्ष 2022 में भारत की आजादी के 75 साल पूरे हो रहे हैं। उस विशेष वर्ष में, भारत जी-20 शिखर सम्मेलन में विश्व का स्वागत करने की आशा करता है। विश्व की सबसे तेजी से उभरती सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था भारत में आइए। भारत के समृद्ध इतिहास और विविधता को जानिए और भारत के गर्मजोशी भरे आतिथ्य का अनुभव लीजिए।' 
 
जी-20 दुनिया की 20 प्रमुख अर्थव्यवस्थाओं का समूह है। जी-20 के सदस्यों में अर्जेंटीना, ऑस्ट्रेलिया, ब्राजील, कनाडा, चीन, यूरोपीय संघ, फ्रांस, जर्मनी, भारत, इंडोनेशिया, इटली, जापान, मैक्सिको, रूस, सऊ दी अरब, दक्षिण अफ्रीका, दक्षिण कोरिया, तुर्की, ब्रिटेन व अमेरिका शामिल हैं। मोदी ने विश्व व्यापार संगठन (डब्ल्यूटीओ) में सुधारों के मुद्दे को भी उठाया। उन्होंने जोर देकर कहा कि डब्ल्यूटीओ में सुधार काफी महत्तवपूर्ण हैं। यह सिर्फ महत्वपूर्ण ही नहीं हैं बल्कि व्यापार और सेवाओं पर वार्ता, कृषि क्षेत्र में वैश्विक मूल्य श्रृंखला को आगे बढ़ाने के लिए जरूरी भी है। 
 
जी20 शिखर सम्मेलन के मुख्य बिंदु
 
विश्व की शीर्ष अर्थव्यवस्थाओं के समूह जी20 के नेताओं की यहां शनिवार को संपन्न हुई शिखर बैठक में वैश्विक अर्थव्यवस्था से जुड़े ऐसे मुद्दे कम ही रहे जहां उनके बीच कोई सहमति बन सकी वरना समापन सत्र में जारी वक्तव्य में असहमतियों के तमाम बिंदु स्पष्ट दिखाई दे रहे थे। जी20 का ब्यूनस आयर्स सम्मेलन दुनिया से कोई ठोस वादा नहीं कर सका। 
 
जलवायु परिवर्तन: जलवायु परिवर्तन को लेकर पेरिस समझौते पर हस्ताक्षर करने वाले जी20 देशों में से अमेरिका को छोड़ शेष सभी ने उसके संपूर्ण क्रियान्वयन का वादा दोहराया और कहा कि इससे पलटा नहीं जा सकता है। इस मामले में कोई नया वायदा नहीं किया गया। वक्तव्य में हालांकि अमेरिका ने पेरिस जलवायु समझौते से हटने का अपना निर्णय दोहराया और आर्थिक वृद्धि एवं सुरक्षा आदि के प्रति प्रतिबद्धता व्यक्त की।
 
व्यापार: ट्रंप के दबाव में जी20 को वक्तव्य में यह कहना पड़ा कि बहुपक्षीय व्यापार प्रणाली (डब्ल्यूटीओ) आर्थिक वृद्धि और रोजगार सृजन को प्रोत्साहित करने के अपने उद्देश्यों ने पिछड़ रहा है। 
 
अंतरराष्ट्रीय मुद्रा कोष (आईएमएफ): जी20 ने आईएमएफ को वैश्विक वित्तीय सुरक्षा तंत्र के लिए महत्त्वपूर्ण बताते हुए संगठन को पर्याप्त वित्त मुहैया कराने और आईएमएफ की 2019 की ग्रीष्म बैठक में देशों के लिए अलग अलग नया राष्ट्रीय कोटा तय करने का लक्ष्य पाने का वादा किया। 
 
भ्रष्टाचार: जी20 ने भ्रष्टाचार रोकने और इससे लडऩे की प्रतिबद्धता व्यक्त की। वक्तव्य में सरकारी उपक्रमों को 2019 से 2021 के बीच भ्रष्टाचार मुक्त करने का वादा किया गया। 
 
लैंगिक समानता: जी20 ने 2025 तक श्रम बल में लैंगिक (स्त्री-पुरुष) के आधार पर बरती जाने वाली असमानताओं को 25 प्रतिशत कम करने का चार साल पुराना पादा दोहराया। सदस्य देशों ने लड़कियों की शिक्षा समेत प्रयास बढ़ाने का समर्थन किया।
 
श्रमिकों का भविष्य: जी20 ने नई प्रौद्योगिकियों से श्रम की प्रकृति में बदलाव स्वीकरते हुए भविष्य के कार्य को समावेशी, व टिकाऊ बनाने की बात की। कामगारों को  प्रशिक्षित करने की भी बात की।
 
बुनियादी संरचना: जी20 ने बुनियादी संरचना को वैश्विक वृद्धि का मुख्य वाहक बताते हुए निजी पूंजी के प्रोत्साहन के लिए अनुबंध के  मानकीकरण का आह्वान किया।
Keyword: india, g 20 summit, narendra modi,,
Advertisements
  Cover from Earthquake & Floods. Buy Home Insurance
   Get seamless access to Business Standard & WSJ.com starting at just Rs. 49/- per month*
Display Name  Email-Id  
Post your comment

CAPTCHA Image Reload Image Enter Code*:
  आपका मत
 क्या राफेल सौदे पर अब थम जाएगा विवाद?
हां नहीं  
पढ़िये
ईमेल
About us Authors Partner with us Jobs@BS Advertise with us Terms & Conditions Contact us RSS Site Map  
Business Standard Private Ltd. Copyright & Disclaimer feedback@business-standard.com
This site is best viewed with Internet Explorer 6.0 or higher; Firefox 2.0 or higher at a minimum screen resolution of 1024x768
* Stock quotes delayed by 10 minutes or more. All information provided is on "as is" basis and for information purposes only. Kindly consult your financial advisor or stock broker to verify the accuracy and recency of all the information prior to taking any investment decision. While due diligence is done and care taken prior to uploading the stock price data, neither Business Standard Private Limited, www.business-standard.com nor any independent service provider is/are liable for any information errors, incompleteness, or delays, or for any actions taken in reliance on information contained herein.