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कर्नाटक में बढ़ सकते हैं लौह अयस्क के दाम

टीई नरसिम्हन / चेन्नई November 23, 2018

सार्वजनिक क्षेत्र की प्रमुख खनन कंपनी एनएमडीसी द्वारा कर्नाटक के डोनीमलाई में लौह अयस्क खनन स्थगित करने के फैसले से लौह अयस्क के दामों में 10-15 फीसदी का इजाफा हो सकता है। उद्योग के सूत्रों ने यह जानकारी दी है। कर्नाटक में अलग-अलग श्रेणियों के आधार पर मौजूदा दाम 1,500-2,500 रुपये प्रति टन हैं। कर्नाटक सरकार ने खदान से लौह अयस्क की बिक्री पर 80 प्रतिशत शुल्क लगाना तय किया था जिसके बाद एनएमडीसी ने लौह अयस्क खनन स्थिगत करने का फैसला किया। इस बीच जेएसडब्ल्यू ने कहा कि अपने इस्पात संयंत्र के लिए अबाधित रूप से आपूर्ति सुनिश्चित करने के लिए उसने कर्नाटक के बाहर से लौह अयस्क आपूर्ति की वैकल्पिक व्यवस्था की है।

 
हालांकि इस संबंध में बात करने के लिए एनएमडीसी के अधिकारी उपलब्ध नहीं थे लेकिन भारतीय खनिज उद्योग महासंघ (फिमी) दक्षिण के पूर्व चेयरमैन और सदस्य बसंत पोद्दार का कहना है कि यह राज्य सरकार के विशेषाधिकार का निर्णय है। नीलामी व्यवस्था अधिनियम 2015 के अनुसार सरकार मौजूदा खदानों पर कोई शुल्क नहीं लगा सकती है। हालांकि वह नए/नवीकृत खदान पट्टों के संबंध में ऐसा कर सकती है। उन्होंने कहा कि 80 प्रतिशत शुल्क लगाए जाने से एनएमडीसी के राजस्व पर प्रतिकूल असर पड़ेगा और इसके परिणामस्वरूप लागत और बढ़ जाएगी। सूत्रों का अनुमान कि एनएमडीसी को प्रति टन 1,348 रुपये का नुकसान होगा जिससे सालाना 9.44 अरब रुपये की हानि होगी। डोनीमलाई की क्षमता करीब 70 लाख टन है। खनन कंपनियां पहले ही रॉयल्टी के लिए 15 फीसदी, एसपीवी के लिए 20 फीसदी, डीएमएफ (जिला खनिज फाउंडेशन) के लिए 4.5 प्रतिशत और एनएमईटी (राष्ट्रीय खनिज अन्वेषण ट्रस्ट) को 0.5 फीसदी का भुगतान कर रही हैं। पोद्दार ने कहा कि खनन स्थगित होने से कच्चे माल की आपूर्ति में अस्थायी व्यवधान आएगा और दामों में 10-15 प्रतिशत का इजाफा होगा। एनएमडीसी ने कहा कि भारतीय खदान ब्यूरो द्वारा घोषित किए गए औसत बिक्री मात्रा के 80 प्रतिशत के भुगतान पर कर्नाटक मंत्रिमंडल ने डोनीमलाई खनन पट्टे में नवंबर 2038 तक विस्तार कर दिया था। 
 
एनएमडीसी ने कर्नाटक के मुख्यमंत्री से इस कदम को आर्थिक रूप से अव्यावहारिक बताते हुए इस पर पुन: विचार करने का आग्रह किया। एनएमडीसी का कहना है कि मुख्यमंत्री ने इस संबंध में कानूनी और अन्य मसलों पर फिर से ध्यान देने का निर्देश दिया है। जेएसडब्ल्यू स्टील के संयुक्त प्रबंध निदेशक शेषागीरी राव का कहना है कि डोनीमलाई में अस्थायी तौर पर खनन स्थगित करने से कर्नाटक में लौह अयस्क की और कमी हो जाएगी। जेएसडब्ल्यू स्टील ने अपने संयत्र के लिए अबाधित आपूर्ति सुनिश्चित करने के लिए राज्य के बाहर से अधिक लौह अयस्क की आपूर्ति का प्रबंध कर लिया है। उद्योग के सूत्रों का कहना है कि जेएसडब्ल्यू एनएमडीसी की डोनीमलाई खदान से प्रति वर्ष करीब 50 लाख टन लौह अयस्क की खरीद करती रही है।
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