बिजनेस स्टैंडर्ड - क्या आरआईएल का तिमाही मुनाफा कर जाएगा 100 अरब रुपये का आंकड़ा पार?
 Search  BS Hindi  Web   BS E-Paper|      Follow us on 
Business Standard
Sunday, July 22, 2018 08:50 AM     English | हिंदी

होम

|

बाजार

|

कंपनियां

|

अर्थव्यवस्था

|

मुद्रा

|

विश्लेषण

|

निवेश

|

जिंस

|

क्षेत्रीय

|

विशेष

|

विविध

|

अर्थनामा

 
होम विश्लेषण खबर

क्या आरआईएल का तिमाही मुनाफा कर जाएगा 100 अरब रुपये का आंकड़ा पार?

अमृता पिल्लै /  04 22, 2018

परिधान से लेकर दूरसंचार क्षेत्रों में उपस्थिति रखने वाली रिलायंस इंडस्ट्रीज (आरआईएल) किसी एक तिमाही में अब तक का सर्वाधिक समेकित शुद्ध मुनाफा दर्ज करने के करीब पहुंचती दिख रही है। उम्मीद जताई जा रही है कि इस बार आरआईएल का आंकड़ा 100 अरब रुपये के करीब पहुंच जाएगा। दरसअल कंपनी ने पेट्रो-रसायन खंड में दमदार प्रदर्शन किया है, जिसके बूते बड़े आंकड़े की उम्मीद की जा रही है। इसके अलावा खुदरा एवं दूरसंचार क्षेत्र मार्च 2018 तिमाही में कंपनी के प्रदर्शन में मददगार साबित हो सकते हैं। कंपनी के संभावित नतीजों के बारे में मोतीलाल ओसवाल सिक्योरिटीज के विश्लेषकों ने कहा,'उत्पादन अधिक रहने, साथ ही कारोबार मजबूत रहने से पेट्रो-रसायन खंड का प्रदर्शन अच्छा रह सकता है।' इस ब्रोकरेज कंपनी के अनुसार चौथी तिमाही में कंपनी का शुद्ध मुनाफा 95.40 अरब रुपये रहने की उम्मीद है। 

 
ब्लूमबर्ग के सर्वेक्षण में विश्लेषकों ने 1.15 लाख करोड़ रुपये के राजस्व के साथ समेकित शुद्ध मुनाफा (औसत) 95 अरब रुपये रहने का अनुमान लगाया है। मार्च 2017 तिमाही में कंपनी का समेकित शुद्ध मुनाफा 80.46 अरब रुपये रहा था, जबकि राजस्व 928.89 अरब रुपये था। बैंक ऑफ बड़ौदा (बीओबी) के विश्लेषकों ने कहा, 'पेट्रो-रसायन कारोबार से ब्याज एवं कर पूर्व आय 66 अरब रुपये रहने (सालाना आधार पर 92 प्रतिशत अधिक) रहने की उम्मीद है।' विश्लेषकों का कहना है कि रिफाइनिंग कारोबार का ग्रॉस रिफाइनिंग मार्जिन (जीआरएम) दो अंकों में रह सकता है, लेकिन यह आरआईएल के हाल मे प्रदर्शन से कमजोर रहने की आशंका है। जेफरीज ने अपने एक नोट में कहा कि उसे आरआईएल का जीआरएम 11.3 डॉलर प्रति बैरल रहने की उम्मीद है, जबकि बीओबी के विश्लेषकों ने यह 11.8 डॉलर प्रति बैरल रहने का अनुमान व्यक्त किया है। मार्च 2017 तिमाही में आरआईएल का जीआरएम 11.5 डॉलर प्रति बैरल रहा था, जबकि दिसंबर 2017 में यह आंकड़ा 11.6 डॉलर प्रति बैरल था। 
 
एक घरेलू ब्रोकरेज कंपनी के विश्लेषक ने नाम सार्वजनिक नहीं करने की शर्त पर बताया, 'यह एक स्थिर तिमाही रहेगी और किसी भी तरफ आश्चर्य की उम्मीद नहीं की जानी चाहिए।' हालांकि कच्चे तेल की बढ़ती कीमतों, कमजोर रुपया और दूरसंचार कारोबार के विस्तार के बाद तस्वीर साफ हो चुकी है। आरआईएल के दूरसंचार कारोबार (जियो) पर विश्लेषकों की खास नजर होगी। वैसे दूरसंचार कारोबार के लिए प्रति उपभोक्ता औसत राजस्व (एआरपीयू) कम रहने की आंशका है, लेकिन जियो ग्राहकों की बड़ी तादाद के कारण कर एवं ब्याज पूर्व अधिक आय दर्ज कर सकती है।
 
जेफरीज ने अपनी टिप्पणी में कहा, 'परिचालन लागत और पूंजी शुल्कों में कोई बड़ा बदलाव होने पर खुदरा कारोबार का प्रदर्शन लगातार मजबूत रह सकता है। जनवरी में दरों की घोषणा के बाद एआरपीयू में कमी आ सकती है, लेकिन अधिक से अधिक उपभोक्ताओं को जोडऩे के अभियान से कर, ब्याज एवं अन्य कटौती (ईबीआईटीडीए) पूर्व आंकड़ा 7 प्रतिशत बढ़ सकता है, जबकि शुद्ध मुनाफा तिमाही आधार पर 22 प्रतिशत बढ़कर 6.2 अरब रुपये रहने की उम्मीद है।' इस विदेशी ब्रोकरेज कंपनी ने कहा कि आरआईएल का समेकित शुद्ध मुनाफा भी सालाना आधार पर 4 प्रतिशत बढ़कर 97.65 अरब रुपये रह सकता है, जो 100 अरब रुपये से थोड़ा ही कम  रहे।
 
हालांकि मध्यम अवधि में जियो के प्रदर्शन को लेकर सतर्कता बरती जा रही है। विश्लेषकों का मानना है कि वित्त वर्ष 2020 से आरआईएल के दूरसंचार कारोबार की बाजार हिस्सेदारी की वृद्धि दर धीरे-धीरे कम होनी शुरू हो सकती है। यूबीएस सिक्योरिटीज के विश्लेषकों ने दूरसंचार क्षेत्र पर अपनी टिप्पणी में कहा, 'जियो की बाजार हिस्सेदारी ज्यादातर छोटी कंपनियों के ग्राहक हड़पने के कारण बढ़ी है। दूसरी तरफ भारती एयरटेल अपनी बाजार हिस्सेदारी मोटे तौर पर बनाए रखने में सफल रही है। ऐसे में हमें वित्त वर्ष 2020 से जियो की बाजार हिस्सेदारी की वृद्धि दर में कमी आने की आशंका है। इसकी वजह यह है कि लगभग सभी बड़ी दूरसंचार कंपनियां अब अब असीमित कॉल खासकर डेटा की पेशकश कर रही हैं।' ड़ॉयचे मार्केट रिसर्च ने अपनी टिप्पणी में रिलायंस कम्युनिकेशंस का अधिग्रहण जियो के लिए मध्यम अवधि में एक और चुनौती बताया है। रिपोर्ट में कहा गया, 'जियो की मध्यम अवधि में चुनौतियों में रिलायंस कम्युनिकेशंस की परिसंपत्तियों का रख-रखाव और 2021 में इसके स्पेक्ट्रम की वैधता समाप्त होने से पैदा होने वाले जोखिमों से निपटना शामिल हैं। रिलायंस कम्युनिकेशंस की परिसंपत्तियों के लिए इसका मौजूदा सौदा जियो का पूंजी निवेशक और बढ़ा सकता है। इस तरह, इन पर उसी अनुपात में प्रतिफल पाने के लिए जियो को अधिक राजस्व अर्जित करने की दरकार होगी।' हाल में आईं खबरों के अनुसार जियो 2018 के अंत तक ब्रॉडबैंड सेवा शुरू करने की योजना बना रही है। विश्लेषकों का मानना है कि इससे अगले 2 से 3 साल में परिचालन मुनाफे में 30 से 40 अरब रुपये का इजाफा कर सकता है।
 
फिलहाल तेल कीमतें ऊंचे स्तर पर रहने से अमेरिकी शेल कारोबार में कुछ सुधार दिखना चाहिए। पेट्रो-रसायन, रिफाइनिंग और दूरसंचार कारोबारों पर कंपनी की टिप्पणी पर सभी की नजर होगी। इन सभी तथ्यों से इतना तो कहा जा सकता है कि तिमाही में 100 अरब रुपये का शुद्ध तिमाही मुनाफा प्राप्त करना आरआईएल के लिए अब पहुंच से दूर नहीं है। 
Keyword: RIL, reliance,,
Advertisements
  Cover from Earthquake & Floods. Buy Home Insurance
   Get seamless access to Business Standard & WSJ.com starting at just Rs. 49/- per month*
Display Name  Email-Id  
Post your comment

CAPTCHA Image Reload Image Enter Code*:
  आपका मत
 क्या ट्रांसपोर्टरों का हड़ताल पर जाना है वाजिब?
हां नहीं  
पढ़िये
ईमेल
About us Authors Partner with us Jobs@BS Advertise with us Terms & Conditions Contact us RSS Site Map  
Business Standard Private Ltd. Copyright & Disclaimer feedback@business-standard.com
This site is best viewed with Internet Explorer 6.0 or higher; Firefox 2.0 or higher at a minimum screen resolution of 1024x768
* Stock quotes delayed by 10 minutes or more. All information provided is on "as is" basis and for information purposes only. Kindly consult your financial advisor or stock broker to verify the accuracy and recency of all the information prior to taking any investment decision. While due diligence is done and care taken prior to uploading the stock price data, neither Business Standard Private Limited, www.business-standard.com nor any independent service provider is/are liable for any information errors, incompleteness, or delays, or for any actions taken in reliance on information contained herein.