यादव ने आज जिले के बुजबुजा, बरही और डोकरिया गांव में किसानों को संबोधित करते हुए कहा कि देश में कहीं भी उद्योगों के लिये कृषि भूमि के अधिग्रहण की अनुमति नहीं देंगे और यदि प्रदेश सरकार ने बलपूर्वक जमीन अधिग्रहण करने की कोशिश की तो वह स्वयं इसके विरोध में उस क्षेत्र में धरना देंगे।
यादव यहां प्रदेश सरकार द्वारा उक्त गांवों में 1980 मेगावाट क्षमता के प्रस्तावित ताप विद्युत परियोजना के लिये किसानों की भूमि अधिग्रहण के विरोध में आयोजित कार्यक्रम में भाग लेने आये हुए थे।
क्षेत्र के किसान यहां जबरन जमीन अधिग्रहण के विरोध में अपने खेतों में चिता बनाकर प्रदर्शन कर रहे हैं और उनकी चेतावनी है कि यदि प्रशासन द्वारा बलपूर्वक उनकी जमीनों का अधिग्रहण किया गया तो वे उन्हीं चिताओं पर बैठक आत्मदाह कर लेंगे।
मध्यप्रदेश की हालत बदतर बताते हुए यादव ने कहा कि यहां चुने हुए जनप्रतिनिधि और सरकार लोगों के साथ अन्याय कर रहे हैं और उद्योगपति प्रशासन चला रहे हैं।
बिना किसी का नाम लिये यादव ने कहा कि बहुत से पूंजीपति यहां ताप विद्युत परियोजना शुरु करना चाहते हैं और इसके लिये सरकार द्वारा 1400 एकड जमीन जबरन अधिगृहीत की जा रही है।