चुनाव आयोग ने दारूल उलूम देवबंद के पूर्व कुलपति मौलाना गुलाम मोहम्मद वस्तानवी को उनके चुनावी भाषण के मामले में आज क्लीन चिट दे दी ।
भाजपा ने वस्तानवी के भाषण को भड़काउ और आचार संहिता का उल्लंघन बताया था ।
सूरत के मांडवी में 22 अक्तूबर को आयोजित कांग्रेस की एक चुनावी रैली में उन्होंने कथित तौर पर कहा था कि जालिम की तारीफ करना अपराध है और उन्होंने कभी मोदी की प्रशंसा नहीं की ।
वस्तानवी ने कथित तौर पर अल्पसंख्यकों से कांग्रेस को वोट करने की अपील की थी ।
भाजपा ने भाषण को भड़काउ करार देते हुए चुनाव आयोग में इसकी शिकायत दर्ज कराई थी और इसे आदर्श चुनाव संहिता का उल्लंघन बताया था ।
चुनाव आयोग ने आज पार्टी को भेजे पत्र में कहा कि उन्हें जांच के बाद वस्तानवी द्वारा सार्वजनिक रैली में दिए गए भाषण और अपील में कुछ भी आपत्तिजनक नहीं मिला । इसलिए उनके खिलाफ कार्रवाई जरूरी नहीं बनती है ।
मुख्य चुनाव आयुक्त वी एस संपत ने एक सवाल के जवाब में कहा कि पूरे कार्यक्रम की सीडी देखने के बाद आयोजक और दो वक्ताओं के खिलाफ कार्रवाई की गई है लेकिन वस्तानवी के मामले में आदर्श चुनाव संहिता का कोई उल्लंघन नहीं पाया गया।