जापान के प्रधानमंत्री ने आज संकेत दिया कि उनकी सरकार इस सप्ताह जब नयी उर्जा नीति जारी करेगी तब वह क्रमिक ढंग से परमाणु उर्जा की राह से हटने की घोषणा करेगी।
खबरों के अनुसार मंत्रिमंडल पहले ही नयी नीति पर सहमत हो गया है।
प्रधानमंत्री योशिहिको नोडा ने पार्टी नेतृत्व उम्मीदवारों के बीच बहस के दौरान कहा कि वह समझते हैं कि ज्यादातर जापानी परमाणु मुक्त देश का समर्थन करते हैं।
उन्होंने यह भी कहा कि वह अपनी सत्तारूढ़ डेमाक्रेटिक पार्टी ऑफ जापान की पिछले सप्ताह की इस सिफारिश को ध्यान में रखेंगे कि परमाणु उर्जा पर जापान की निर्भरता चरणबद्ध तरीके से 2030 तक समाप्त की जाए।
उन्होंने कहा, इस लक्ष्य को कैसे हासिल किया जाए, उस पर अलग अलग राय हो सकती है। इन सभी बातों पर गौर करते हुए हमारी पार्टी ने पिछले सप्ताह प्रस्ताव किया था कि हमें परमाणु मुक्त समाज का लक्ष्य रखना चाहिए। मुझे उस पर गंभीरता से विचार करना चाहिए।
जापान का यह कदम ऐसे समय में आया है जब परमाणु बिजली के खिलाफ विरोध लगातार जारी है। संसाधनों की कमी से जूझ रहा जापान इसी के साथ जर्मनी की राह पर आ जाएगा जिसने कहा है कि वह 2022 में परमाणु उर्जा की राह से हट जाएगा।
जापान पिछले साल के फुकुशिमा परमाणु संकट के आलोक में नयी उर्जा नीति की दिशा में बढ़ा है। सुनामी की वजह से फुकुशिमा परमाणु संंयंत्र दुर्घटनााग्रस्त हो गया था और बड़े क्षेत्र में विकिरण फैल गया था।
एपी