दिल्ली की एक अदालत ने अपने माता-पिता और गर्भवती पत्नी की हत्या करने के मामले मंे आज एक युवक को मृत्युदंड सुनाया है। अभियुक्त नितिन वर्मा ने अप्रैल, 2008 में अपने विकलांग पिता, माता एवं छह माह की गर्भवती पत्नी को चाकू घोंपकर उनकी हत्या कर दी थी।
नितिन अपने माता-पिता की असली संतान नहीं है। उसे इस दंपति ने उस समय गोद लिया था जब वह महज कुछ दिनों का ही शिशु था।
अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश विरेंदर भट ने निनित को समाज के लिए खतरा बताते हुए उसे मौत की सजा सुनायी और कहा कि इस अपराध के लिए उम्र कैद की सजा अपर्याप्त होगी।
दरअसल नितिन का पड़ोस की किसी लड़की से विवाहेत्तर संबंध था। उसके माता-पिता और पत्नी इसका विरोध करती थीं।
अदालत ने कहा कि नितिन पर अपने परिवार का देखभाल करने की नैतिक और कानूनी जिम्मेदारी थी लेकिन उसने उन्हें बर्बर तरीक से मार डाला।
भाषा