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चमड़ा उद्योग को मिली सौगात

डिजिटल भुगतान को बढ़ावा देने के लिए एमडीआर शुल्क में राहत का ऐलान
संजीव मुखर्जी / नई दिल्ली December 15, 2017

केंद्रीय मंत्रिमंडल ने चमड़ा और फुटवेयर क्षेत्र में रोजगार सृजन को बढ़ावा देने के मकसद से 2,600 करोड़ रुपये के प्रोत्साहन पैकेज को आज मंजूरी दे दी। इसके साथ ही डेबिट कार्ड, भीम यूपीआई या आधार से जुड़ी भुगतान प्रणालियों के जरिये 2,000 रुपये तक के लेनदेन पर मर्चेंट डिस्काउंट दर (एमडीआर) में भी राहत दी गई है।  इसके अलावा कई विधेयकों सहित अनुबंधों के प्रवर्तन को आसान बनाने के लिए विशेष राहत कानून में संशोधन को भी मंजूरी दे गई। 

मंत्रिमंडल ने भारतीय चिकित्सा परिषद (एमसीआई) की जगह ज्यादा प्रतिनिधित्व और व्यापक आधार वाले राष्टरीय चिकित्सा आयोग (एनएमसी) के गठन संबंधी विधेयक और निगोशिएबल इन्ट्रूमेंट ऐक्ट, 1881 में संशोधन को भी हरी झंडी दे दी। यह कानून चेक बाउंस के मामले से जुड़ा हुआ है, जिसमें चेक से भुगतान प्राप्त करने वाले को सुनवाई के दौरान अंतरिम मुआवजे का अधिकार दिया गया है।

एमडीआर माफ करने के बारे में सूचना प्रौद्योगिकी मंत्री रविशंकर प्रसाद ने कहा, 'एमडीआर का वहन दो वर्षों तक सरकार द्वारा किया जाएगा, जो 1 जनवरी, 2018 से प्रभावी होगा। इसके तहत सरकार द्वारा बैंकों को इसकी प्रतिपूर्ति की जाएगी। इससे सरकारी खजाने पर करीब 2,512 करोड़ रुपये का बोझ बढ़ेगा।' टेक्सटाइल क्षेत्र के पैकेज की तरह ही चमड़ा उद्योग के लिए भी सरकार ने 2,600 करोड़ रुपये के पैकेज को मंजूरी दे दी। कर लाभ एवं गैर-कर प्रोत्साहनों के जरिये सरकार का लक्ष्य अगले तीन साल में 3.24 लाख रोजगार सृजित करने का है। कर एवं गैर-कर प्रोत्साहनों में कौशल विकास और तकनीकी उन्नयन के लिए वित्तपोषण शामिल है, वहीं चमड़ा फुटवेयर और सहायक क्षेत्रों में कर्मचारियों की भविष्य निधि में सरकार की ओर से किया जाने वाला अंशदान भी शामिल है। सरकार इन क्षेत्रों में 15,000 रुपये मासिक वेतन वाले सभी नए कर्मचारियों के भविष्य निधि में नियोक्ता के अंशदान में 3.67 फीसदी का योगदान देगी। हालांकि यह अंशदान कर्मचारी भविष्य निधि संगठन में शामिल होने के पहले तीन साल तक ही मिलेगा।

टेक्सटाइल क्षेत्र को दिए गए पैकेज की तरह ही सरकार ने चमड़ा उद्योग में भी औद्योगिक इम्प्लॉयमेंट (स्थायी आदेश) कानून, 1946 के अंतर्गत नियत अवधि के रोजगार को लागू करने का निर्णय किया है। विशेष पैकेज में श्रम कानूनों को आसान बनाने के उपायों को भी शामिल किया गया है। 
 
Keyword: Leather Industry, UPI, MCI, MDR, चमड़ा उद्योग, एमडीआर,
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