बिजनेस स्टैंडर्ड - जोखिम से बचना चाहें तो रिटर्न के लिए यह विकल्प अपनाएं
 Search  BS Hindi  Web   BS E-Paper|      Follow us on 
Business Standard
Tuesday, November 21, 2017 11:03 PM     English | हिंदी

होम

|

बाजार

|

कंपनियां

|

अर्थव्यवस्था

|

मुद्रा

|

विश्लेषण

|

निवेश

|

जिंस

|

क्षेत्रीय

|

विशेष

|

विविध

|
 
होम विश्लेषण खबर

जोखिम से बचना चाहें तो रिटर्न के लिए यह विकल्प अपनाएं

संजय कुमार सिंह /  October 20, 2017

बैंक जमाओं (सावधि और बचत दोनों) और छोटी बचत योजनाओं पर ब्याज दरें घटने से निश्चित आय वाले निवेशक अब ऐसी योजनाएं तलाश रहे हैं जिनमें जोखिम कम हो और आकर्षक प्रतिफल भी मिल जाए। उनकी इस जरूरत को स्वैच्छिक भविष्य निधि यानी वोलंटरी प्रोविडेंट फंड (वीपीएफ) पूरी कर सकता है। यदि आप वेतनभोगी हैं, तो आपके मूल वेतन और महंगाई भत्ते का 12 प्रतिशत हर महीने कर्मचारी भविष्य निधि (ईपीएफ) में पहले से ही जा रहा होगा। इसमें आपका नियोक्ता भी आप जितनी ही राशि का योगदान देता है। इसके अलावा भी अगर आप चाहें तो अपने मूल वेतन और महंगाई भत्ते का 100 फीसदी वीपीएफ में निवेश कर सकते हैं। इस पर आपको उतना ही प्रतिफल मिलेगा जितना ईपीएफ में मिलता है।

 
ईपीएफ ने 2016-17 में 8.65 फीसदी का प्रतिफल दिया। यह पोस्ट ऑफिस की छोटी बचत योजनाओं की दरों की तुलना में ज्यादा बेहतर है। भारतीय स्टेट बैंक (एसबीआई) अब अपनी सावधि जमाओं पर 5.50 से 6.75 प्रतिशत तक की ब्याज दर की पेशकश करता है। किसी भी बैंक द्वारा मुहैया कराई जाने वाली सबसे अच्छी दर पांच साल तक की अवधि के लिए 7.50 प्रतिशत (वरिष्ठï नागरिकों के लिए लगभग आधा प्रतिशत अधिक) हो सकती है।
 
ईपीएफ/वीपीएफ द्वारा 2017-18 के लिए मुहैया कराई जाने वाली दर की जानकारी नवंबर-दिसंबर में या इसके बाद ही मिलेगी। हालांकि अगर अर्थव्यवस्था के तहत ब्याज दरों में गिरावट बरकरार रहती है तो यह दर मौजूदा स्तर से भी नीचे आ सकती है, लेकिन निश्चित आय के लिहाज से ईपीएफ/वीपीएफ से प्रतिफल आकर्षक रहने की उम्मीद है। हालांकि यह ध्यान रखें कि आपका नियोक्ता वीपीएफ में योगदान नहीं करता है।
 
प्रतिफल के अलावा, वीपीएफ का अन्य आकर्षक पहलू यह है कि ईपीएफ की तरह इस भविष्य निधि को भी ईईई (छूट-छूट-छूट) यानी निवेश से लेकर ब्याज और निकासी पर कर छूट का दर्जा मिला हुआ है। कई छोटी बचत योजनाओं (जैसे राष्ट्रीय बचत पत्र और किसान विकास पत्र) और बैंक सावधि जमाओं की परिपक्वता पर मामूली दर पर कर लगता है। वहीं आपको वीपीएफ में 1.5 लाख रुपये तक के निवेश पर धारा 80सी के तहत कर छूट हासिल होती है। 
 
वीपीएफ का लाभ लेने के लिए अपने कार्यालय के मानव संसाधन विभाग से संपर्क करें और उसे लिखित में यह बताएं कि आप इसमें अपने मूल वेतन और महंगाई भत्ते का कितना प्रतिशत निवेश करना चाहते हैं।  वित्तीय योजनाकारों का मानना है कि वीपीएफ एक शानदार योजना है। सेबी में पंजीकृत निवेश सलाहकार पर्सनल फाइनैंस प्लान डॉट इन के संस्थापक दीपेश राघव कहते हैं, 'गारंटी और आकर्षक कर-मुक्त प्रतिफल के कारण यह आपके रिटायरमेंट पोर्टफोलियो के डेट हिस्से के लिए अच्छा निवेश विकल्प है।' 
 
मुंबई के वित्तीय योजनाकार अर्णव पंड्ïया का सुझाव है कि वीपीएफ का विकल्प अपनाने से पहले निवेशकों को नैशनल पेंशन सिस्टम (एनपीएस) पर भी विचार कर लेना चाहिए। वह कहते हैं, 'एनपीएस के डेट फंडों से भी आकर्षक प्रतिफल मिल रहा है।' एनपीएस ट्रस्ट की वेबसाइट के अनुसार पिछले पांच साल के दौरान टियर-1 सरकारी बॉन्ड (जी) फंड ने सालाना 10.55 से 10.98 फीसदी के दायरे में प्रतिफल दिया है जबकि टियर-1 कॉरपोरेट बॉन्ड (सी) फंडों ने 10.99 से 11.45 फीसदी के दायरे में प्रतिफल दिया। 
 
गेटिंग यू रिच के वित्तीय योजनाकार और मुख्य कार्याधिकारी रोहित शाह का कहना है, 'जोखिम सहन करने की जरूरी क्षमता वाले नए निवेशक यदि पर्याप्त सेवानिवृत्ति रकम हासिल करना चाहते हैं तो उनको अपने रिटायरमेंट पोर्टफोलियो में इक्विटी म्युचुअल फंडों का विकल्प शामिल करना चाहिए।' वीपीएफ में निवेश के विकल्प से पहले आपको अपनी मासिक जरूरतों के लिए उचित ढंग से योजना तैयार करनी चाहिए। पंड्ïया कहते हैं, 'आपकी रकम लंबी अवधि के लिए लॉक हो जाती है। इसलिए ऐसा न हो कि आप वित्तीय संकट के शिकार हो जाएं और फिर मजबूर होकर पर्सनल लोन लेना पड़े।' ईपीएफ और वीपीएफ के साथ विशेषज्ञों को यह जोखिम नजर आता है कि इन भविष्य निधियों का शेयर बाजारों में निवेश धीरे धीरे बढ़ रहा है। राघव कहते हैं, 'आप शेयरों में निवेश करके गारंटी के साथ प्रतिफल मुहैया नहीं करा सकते। इससे भविष्य में कुछ हद तक समस्या पैदा हो सकती है।'
Keyword: bank, loan, debt, fund, savings,,
Advertisements
  Cover from Earthquake & Floods. Buy Home Insurance
   Get seamless access to Business Standard & WSJ.com starting at just Rs. 49/- per month*
Display Name  Email-Id  
Post your comment

CAPTCHA Image Reload Image Enter Code*:
  आपका मत
 कर में छूट से बढ़ेंगे ऑनलाइन भुगतान?
हां नहीं  
पढ़िये
ईमेल
About us Authors Partner with us Jobs@BS Advertise with us Terms & Conditions Contact us RSS General News   Site Map  
Business Standard Private Ltd. Copyright & Disclaimer feedback@business-standard.com
This site is best viewed with Internet Explorer 6.0 or higher; Firefox 2.0 or higher at a minimum screen resolution of 1024x768
* Stock quotes delayed by 10 minutes or more. All information provided is on "as is" basis and for information purposes only. Kindly consult your financial advisor or stock broker to verify the accuracy and recency of all the information prior to taking any investment decision. While due diligence is done and care taken prior to uploading the stock price data, neither Business Standard Private Limited, www.business-standard.com nor any independent service provider is/are liable for any information errors, incompleteness, or delays, or for any actions taken in reliance on information contained herein.