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सरकारी बैंक देंगे अफसरों को ईसॉप

दिलाशा सेठ / नई दिल्ली 07 02, 2017

वित्त मंत्रालय ने मार्च में दी थी ईसॉप को सैद्धांतिक मंजूरी

उप महाप्रबंधक और अतिरिक्त महाप्रबंधक स्तर से ऊपर के अधिकारियों को मिलेगा लाभ
मुनाफे वाले और एनपीए से निपटने में अच्छा काम करने वाले बैंकों को मिल सकती है ईसॉप की सौगात

मेधावी अधिकारियों को बरकरार रखने के लिए प्रस्तावित कर्मचारी शेयर विकल्प योजना (ईसॉप) को कुछ सरकारी बैंकों में लागू किया जा सकता है। ऐसे बैंकों का चयन उनके प्रदर्शन के आधार पर किया जाएगा। सरकार ने यह प्रस्ताव मंजूरी के लिए भारतीय रिजर्व बैंक को भेजा है। वित्त मंत्रालय ने वर्ष 2017-18 से सरकारी बैंकों में ईसॉप लागू करने के प्रस्ताव को इस साल मार्च में सैद्धांतिक मंजूरी दी थी। एक वरिष्ठ सरकारी अधिकारी ने कहा, 'हमने इंडियन बैंक्स एसोसिएशन के साथ चर्चा के बाद ईसॉप देने की व्यवस्था को अंतिम रूप दिया है। इसके लिए बैंकों का प्रदर्शन सबसे अहम होगा।'

प्रस्ताव के मुताबिक उप महाप्रबंधक और अतिरिक्त महाप्रबंधक स्तर से ऊपर के अधिकारी इस योजना में शामिल होंगे। इस योजना में उन बैंकों को शामिल किया जा सकता है जो मुनाफे में हैं और फंसे कर्ज की समस्या से निपटने में अच्छा काम कर रहे हैं। अधिकारी के मुताबिक बैंक के शुद्ध लाभ के एक निश्चित अनुपात के समतुल्य शेयरों को ईसॉप के रूप में दिए जाने की संभावना है। सरकारी बैंकों का फंसा कर्ज 6 लाख करोड़ रुपये से अधिक पहुंच गया है।

अधिकारी ने कहा, 'शुद्ध लाभ का एक हिस्सा ईसॉप में जा सकता है। बड़े बैंकों के मामले में यह 5 फीसदी और छोटे बैंकों के मामले में 3 फीसदी हो सकता है।' सरकारी बैंक इस समय प्रतिभाओं की कमी से जूझ रहे हैं। यूनिवर्सल और भुगतान बैंकों के आने से उनकी समस्या और बढऩे की संभावना है। अधिकारी ने कहा कि ईसॉप से कर्मचारियों में स्वामित्व की भावना होगी और वे बैंक का प्रदर्शन सुधारने के लिए ज्यादा मेहनत करेंगे।

वित्तीय सेवा विभाग ने ईसॉप योजना का मसौदा तैयार किया है। विभाग इस योजना के अंतिम प्रारूप के बारे में बैंक्स बोर्ड ब्यूरो (बीबीबी) के साथ चर्चा करेगा। निजी क्षेत्र में ईसॉप आम बात है। कंपनियां प्रतिभावान कर्मचारियों को जोड़े रखने के लिए उन्हें इनाम के तौर पर शेयर देती हैं। बीबीबी की सलाह पर सरकार बैंक अधिकारियों को बोनस और प्रदर्शन आधारित दूसरे पैकेज देने पर भी विचार कर रही है।

सरकार ने सरकारी बैंकों को पटरी पर लाने के लिए एक सात सूत्री योजना 'इंद्रधनुष' बनाई है। उसका कहना था कि बैंकों के शीर्ष प्रबंधन के लिए ईसॉप की योजना पर काम हो रहा है। इससे पहले बीबीबी के प्रमुख विनोद राय ने कहा था कि सभी सरकारी बैंकों में क्षतिपूर्ति पैकेज में सुधार किए जाने की जरूरत है। उनके मुताबिक सरकारी बैंकों को पेशेवरों के लिए आकर्षक बनाने के मौद्रिक या गैर मौद्रिक फायदों की व्यवस्था होनी चाहिए। पिछले साल आरबीआई के तत्कालीन गवर्नर रघुराम राजन ने बैंक कर्मचारियों को ईसॉप देने के प्रस्ताव का समर्थन किया था।
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