Search  BS Hindi  Web   BS E-Paper|      Follow us on 
Business Standard
Sunday, July 23, 2017 10:22 AM     English | हिंदी

होम

|

बाजार

|

कंपनियां

|

अर्थव्यवस्था

|

मुद्रा

|

विश्लेषण

|

निवेश

|

जिंस

|

क्षेत्रीय

|

विशेष

|

विविध

|
 
होम अर्थव्यवस्था खबर

समय की कमी जीएसटी लागू होने में बड़ी बाधा : गोयनका

दिलाशा सेठ /  June 26, 2017

जल्द ही लागू होने जा रहे वस्तु एवं सेवा कर (जीएसटी) की खातिर उद्यमियों को तैयार करने के लिए सॉफ्टवेयर विकसित करने में 'सुविधा प्रदाता' की भूमिका निभा रही टेली सॉल्यूशंस के प्रबंध निदेशक भरत गोयनका कहते हैं कि नियम तय होने के बाद एक मजबूत सॉफ्टवेयर विकसित करने में 8 से 9 महीने लगते हैं जीएसटी लागू होने से एक सप्ताह पहले इस उद्यम संसाधन योजना सॉफ्टवेयर कंपनी ने अपना अकाउंटिंग ऐंड कंपलायंस सॉफ्टवेयर पेश किया है। दिलाशा सेठ के साथ बातचीत के अंंश :  

 
जीएसटी के लागू होने से एक सप्ताह पहले इसके लिए तैयार होने के बारे में आपका क्या कहना है? 
 
इस समय बहुत व्यस्तता है। दिक्कत केवल उत्पाद की नहीं बल्कि पहुंच की भी है। यह ग्राहकों की विविधता, ग्राहकों की संख्या और अपने ग्राहकों की अलग-अलग उम्मीदों से संबंधित है। बुनियादी ढांचा साझा करने के अलावा इस पैमाने और बुनियादी ढांचे की तैयारी करना जटिल काम है। 
 
जीएसटी सुविधा प्रदाता के रूप में टैली कितनी तैयार है? 
 
मुझे नहीं लगता कि हमारे पास इतना समय नहीं है कि हम ठहरें और इसका माप करें कि हम कितने तैयार हैं। हम केवल इतना ही कह सकते हैं कि हम इसके लिए खुद को ज्यादा से ज्यादा तैयार कर रहे हैं। जिस चीज की तैयारी के लिए देश कड़ी जद्दोजहद कर रहा है, उससे हम भी निश्चित रूप से सहमे हुए हैं। देश से मेरा मतलब व्यक्तिगत उद्यमों से है। आमतौर पर लोगों को यह नहीं पता कि वे किस चीज की तैयारी करें। 
 
रिटर्न भरने के लिए दी गई 2 महीने की मोहलत कितनी बड़ी राहत है? 
 
यह दोधारी तलवार है। एक तरफ यह प्रक्रियागत राहत है। दूसरी ओर इसने कारोबारी नतीजों को लेकर अनिश्चितता पैदा कर दी है। मुझे अपने लाभ के आधार और नकदी आवक के अपने अनुमानों का पता नहीं होगा। यह देखना होगा कि यह सही साबित होगा या नहीं या जिस इनपुट टैक्स क्रेडिट का मैंने अनुमान लगाया है, वह वास्तव में मिलेगा या नहीं। 
 
क्या सभी एपीआई (एप्लीकेशन प्रोग्राम इंटरफेस) तैयार हो चुके हैं और उन्हें सॉफ्टवेयर में डाल दिया गया है? 
 
हमारी रिलीज 6 जीएसटी नेटवर्क (जीएसटीएन, नए कर की सूचना प्रौद्योगिकी आधार ) से नहीं जुड़े होने की एक वजह है। एक जुलाई को ग्राहक अपने इनवॉयस बनाने में सक्षम होने चाहिए और इसके लिए उन्हें जीएसटीन से जुडऩे की जरूरत नहीं होगी। हम उन्हें सबसे अच्छे और कम जोखिम वाले रास्ते से ले जा रहे हैं। हम जीएसटीएन द्वारा मुहैया कराए गए एपीआई पर आधारित मामूली संशोधनों के लिए बार-बार रिलीज लाकर ग्राहकों की मुश्किलें नहीं बढ़ाना चाहते हैं। इसके बजाय हम प्रमुख संशोधनों वाली रिलीज जारी करने पर ध्यान दे रहे हैं। 
 
जीएसटीएन की प्रगति के बारे में आपकी क्या राय है? 
 
जीएसटीएन बहुत ही मुश्किल स्थिति में है। वे उतार-चढ़ाव से निपटने की कोशिश कर रहे हैं और वर्तमान परिस्थितियों में अच्छा काम कर रहे हैं। उनसे अच्छा काम और कोई नहीं कर सकता था। लेकिन यह उनके लिए आसान नहीं होगा और न ही यह देश के लिए आसान होगा। 
 
क्या समस्या की वजह इसके लागू होने की तारीख नजदीक होना है? क्या 1 जुलाई ज्यादा आशावादी लक्ष्य है? 
 
वास्तव में इसके लागू होने में ज्यादा समय नहीं है। सॉफ्टवेयर की कार्यप्रणाली के संबंध में नए फीचर शामिल करना आसान हैं, लेकिन अच्छा सॉफ्टवेयर विकसित करने में समय लगता है। जब आप कोई बदलाव करते हैं तो आपको सॉफ्टवेयर मजबूत करना पड़ता है और इसमें समय लगता है। अगर आप समय नहीं देते हैं तो आपको कमजोर सॉफ्टवेयर मिलता है और इससे चौंकाने वाले नतीजे मिलते हैं। यह बहुत ज्यादा जोखिम का माहौल है। इसलिए मजबूत आधार के बिना इतनी बड़ी शुरुआत करना तर्कसंगत नहीं है। 
 
दो महीने की मोहलत कितनी राहत देने वाली है? मजबूत सॉफ्टवेयर बनाने में कितना समय लगता है?
 
नियम बनाने के बाद मजबूत सॉफ्टवेयर बनाने में 8 से 9 महीने का समय लगता है। क्या मजबूत सॉफ्टवेयर मुहैया कराने के लिए दो महीने का समय देना पर्याप्त समय है ताकि वह बिना किसी खामी के काम कर सके? इसका जवाब ना है। 
 
जीएसटी को मद्देनजर रखते हुए आप रोजाना कितने ग्राहक जोड़ रहे हैं? 
 
हम ग्राहकों की संख्या में बढ़ोतरी दर्ज कर रहे हैं। ज्यादातर बढ़ोतरी उन लोगों की बदौलत हो रही है, जो पायरेटेड वर्जन इस्तेमाल कर रहे हैं और अब हमारे पास आ रहे हैं। हम रोजाना करीब 2,000 ग्राहक जोड़ रहे हैं, जबकि पहले रोजाना 500 ग्राहक जोड़े जाते थे। हालांकि हम वर्तमान ग्राहकों पर लगातार ध्यान दे रहे हैं। 
 
क्या आपके ग्राहक तैयार हैं? 
 
हम उन्हें तैयार करने की कोशिश कर रहे हैं। मगर उन्हें नहीं पता कि क्या तैयारी करें। उनके पास जानकारी का अभाव है। 
 
क्या आप इस बारे में खुलकर बता सकते हैं क्योंकि नियम पहले ही जारी किए जा चुके हैं? 
 
जीएसटी से पहले हमारे 60 से 80 फीसदी ग्राहक एकल कर प्रणाली के तकत आते थे। उन्हें लाभ या हानि खाते, खरीद, प्रत्यक्ष लागत, खर्च और शुद्ध लाभ की चिंता करनी पड़ती थी। अब किसी गैर-पंजीकृत उद्यमी से एक भी उत्पाद खरीदने की जानकारी देनी होगी और इसका भुगतान करना होगा। उदाहरण के लिए अगर आप पास की दुकान से 12 रुपये का पेन खरीदते हैं और वह दुकानदार गैर-पंजीकृत है तो कंपनी को सीधे सरकार को कर का भुगतान करना होगा, बजाय इसे खर्च के रूप में दर्ज करने के। यह अपने आप में अनोखी जटिलता है। यह तो केवल एक उदाहरण है।
Keyword: GST, वस्तु एवं सेवा कर, जीएसटी,,
Advertisements
  Cover from Earthquake & Floods. Buy Home Insurance
   Get seamless access to Business Standard & WSJ.com starting at just Rs. 49/- per month*
Display Name  Email-Id  
Post your comment

CAPTCHA Image Reload Image Enter Code*:
Advertisements 
Cover from Natural Calamities. Buy Home Insurance
Get seamless access to Business Standard & WSJ.com starting at just Rs. 49/- per month*
  आपका मत
 क्या रिलायंस के मुफ्त फोन से अन्य कंपनियों पर बढ़ेगा दबाव?
हां नहीं  
पढ़िये
ईमेल
About us Authors Partner with us Jobs@BS Advertise with us Terms & Conditions Contact us RSS General News   Site Map  
Business Standard Private Ltd. Copyright & Disclaimer feedback@business-standard.com
This site is best viewed with Internet Explorer 6.0 or higher; Firefox 2.0 or higher at a minimum screen resolution of 1024x768
* Stock quotes delayed by 10 minutes or more. All information provided is on "as is" basis and for information purposes only. Kindly consult your financial advisor or stock broker to verify the accuracy and recency of all the information prior to taking any investment decision. While due diligence is done and care taken prior to uploading the stock price data, neither Business Standard Private Limited, www.business-standard.com nor any independent service provider is/are liable for any information errors, incompleteness, or delays, or for any actions taken in reliance on information contained herein.