बिजनेस स्टैंडर्ड - 'केंद्रीय उपक्रमों में नौकरी बदलने वाले कर्मचारियों का सेवानिवृत्ति लाभ बना रहेगा'
 Search  BS Hindi  Web   BS E-Paper|      Follow us on 
Business Standard
Saturday, October 21, 2017 03:54 PM     English | हिंदी

होम

|

बाजार

|

कंपनियां

|

अर्थव्यवस्था

|

मुद्रा

|

विश्लेषण

|

निवेश

|

जिंस

|

क्षेत्रीय

|

विशेष

|

विविध

|
 
होम अर्थव्यवस्था खबर

'केंद्रीय उपक्रमों में नौकरी बदलने वाले कर्मचारियों का सेवानिवृत्ति लाभ बना रहेगा'
भाषा / नई दिल्‍ली 02 06, 2017

केंद्रीय सार्वजनिक उपक्रमों (पीएसयू) के एक उपक्रम छोड़कर दूसरे उपक्रम अथवा राज्य सरकारों के प्रतिष्ठानों में जाने वाले कर्मचारियों के सेवानिवृत्ति लाभ यथावत बने रहेंगे। लोक उपक्रम विभाग ने यह जानकारी दी है। विभाग ने 'तकनीकी औपचारिकताओं' के आधार पर इस्तीफा देने वाले कर्मचारियों के मामले में स्पष्टीकरण जारी करते हुए यह जानकारी दी है। इस मुद्दे को लेकर पिछले कई साल से भ्रम की स्थिति बनी हुई है कि केंद्रीय सार्वजनिक उपक्रमों के कर्मचारियों के मामले में सेवानिवृत्ति लाभ लेने के लिए ''तकनीकी औपचारिकता' क्या है। विभाग ने अब स्पष्टीकरण जारी करते हुए कहा है कि जहां कोई सीपीएसई कर्मचारी उसी उपक्रम अथवा दूसरे सीपीएसई में उपयुक्त प्रक्रिया से आवेदन करता है और उस पद में उसका चुनाव हो जाने पर उसे प्रशासनिक कारणों से पिछले पद से इस्तीफा देना पड़ता है, ऐसे मामले 'तकनीकी औपचारिकता उपबंध' के तहत आते हैं।' इसमें यह भी कहा गया है कि जिन मामलों में दूसरे कारणों से इस्तीफा दिया गया है अथवा सक्षम प्राधिकरण ने दूसरे पद के लिए कर्मचारी के आवेदन को उचित प्रक्रिया के तहत मंजूरी नहीं दी है, उसे इस्तीफा माना जाएगा और ऐसी स्थिति में कर्मचारी को पिछले सेवा के लाभ उपलब्ध नहीं होंगे।

केंद्रीय सार्वजनिक उपक्रमों में 2014-15 के दौरान अनुबंधित कर्मचारियों को छोड़कर 12.91 लाख कर्मचारी हैं जबकि 2013-14 में यह संख्या 13.49 लाख थी। वर्ष 2014-15 में सभी 235 सीपीएसई का कुल कारोबार 19,95,902 करोड़ रुपये रहा जबकि इससे पिछले वर्ष यह 20,66,057 करोड़ रुपये रहा था। विभाग ने इससे पहले केंद्रीय सार्वजनिक उपक्रमों में पेंशन और सेवानिवृत्ति चिकित्सा लाभ योजना पर 2014 में जारी एक कार्यालय ज्ञापन में कहा है कि तकनीकी औपचारिकता उपबंध के तहत दिए गए इस्तीफे को छोड़कर अनिवार्य सेवानिवृत्ति, अनुशासनात्मक कारवाई के तहत बर्खास्त अथवा हटाने पर कोई भी लाभ सदस्य के योगदान, यदि कोई है तो, तथा उस पर मिलने वाले ब्याज पर आधारित होगा। हालांकि, इसमें 'तकनीकी औपचारिकता' शब्द का मतलब स्पष्ट नहीं किया गया था।

Keyword: केंद्रीय सार्वजनिक उपक्रमों, पीएसयू, सेवानिवृत्ति लाभ, सीपीएसई कर्मचारी, इस्तीफा,
Advertisements
  Cover from Earthquake & Floods. Buy Home Insurance
   Get seamless access to Business Standard & WSJ.com starting at just Rs. 49/- per month*
Display Name  Email-Id  
Post your comment

CAPTCHA Image Reload Image Enter Code*:
  आपका मत
 क्या मूल्यांकनकर्ताओं के नियम से मूल्यांकन में आएगी पारदर्शिता?
हां नहीं  
पढ़िये
ईमेल
About us Authors Partner with us Jobs@BS Advertise with us Terms & Conditions Contact us RSS General News   Site Map  
Business Standard Private Ltd. Copyright & Disclaimer feedback@business-standard.com
This site is best viewed with Internet Explorer 6.0 or higher; Firefox 2.0 or higher at a minimum screen resolution of 1024x768
* Stock quotes delayed by 10 minutes or more. All information provided is on "as is" basis and for information purposes only. Kindly consult your financial advisor or stock broker to verify the accuracy and recency of all the information prior to taking any investment decision. While due diligence is done and care taken prior to uploading the stock price data, neither Business Standard Private Limited, www.business-standard.com nor any independent service provider is/are liable for any information errors, incompleteness, or delays, or for any actions taken in reliance on information contained herein.